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भारतीय बाजारों में चीनी कंपनियां हावी, 1000 कर्मचारियों की नौकरी पर लटकी तलवार

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नई दिल्ली। भारतीय बाजारों में चीन का कब्जा बढ.ता जा रहा है। खासकर मोबाइल और इलेक्टानिक बाजारों में चीनी उत्पाद हावी हो चुके हैं। जिसके चलते भारत ही नहीं अन्य देशों की कंपनियों का बाजार सिमटकता जा रहा है। चीनी मोबाइल उत्पादों की लोकप्रियता के चलते कोरिया की दिग्गज कंपनी सैमसंग को पिछले कुछ समय से भारी नुकसान उठाना पड.ा है। जिसके चलते कंपनी ने भारत में अपने कर्मचारियों की संख्या में 1000 तक की कटौती करने को कहा है। सैमसंग को अपने मार्जिन और मुनाफे को बचाने के लिए पहले ही स्मार्टफोन और टेलीविजन के दाम में कटौती करने को मजबूर होना पड़ा है। कंपनी के इस निर्णय की जानकारी उसके तीन वरिष्ठ अधिकारियों ने दी है। अधिकारियों ने बताया कि सबसे बड़ी कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स और मोबाइल फोन निर्माता कंपनी सैमसंग को अपनी लागत को तर्कसंगत बनाने की योजना के तहत यह सब करना पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि सैमसंग अब तक अपने टेलीकॉम डिवीजन से 150 कर्मचारियों को नौकरी से निकाल चुकी है और अक्टूबर तक यह प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी।

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वहीं मीडिया में खबर आने के बाद सैमसंग इंडिया ने छंटनी की खबर पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। सैमसंग इंडिया के प्रवक्ता ने सैमसंग के बारे में ऐसी खबरों को भ्रामक बताया है। उन्होंने कहा, कंपनी भारतीय कारोबार के लिए प्रतिबद्ध है और सभी कारोबार में अच्छा निवेश करेगी।
दुनिया की सबसे बड़ी मोबाइल फोन फैक्ट्री यहां स्थापित की जा रही है और 5जी नेटवर्क जैसे नए कारोबार में निवेश किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जैसे-जैसे कंपनी आगे बढ़ेगी इसका प्रयास ज्यादा रोजगार सृजन का होगा। एक अनुमान के अनुसार भारत में सैमसंग की ईकाइयों में करीब 20 हजार कर्मचारी कार्यरत हैं। अखबार के अनुसार सभी सैमसंग के सभी बिजनेस हेड ने इंडियन ऑपरेशंस के प्रेसिडेंट को खराब प्रदर्शन करने वालों की सूची सौंप दी है।
कर्मचारियों की संख्या को तर्कसंगत बनाने यानी छंटनी की इस कवायद में सेल्स, मार्केटिंग, आरऐंडडी, मैन्युफैक्चरिंग, फाइनेंस, एचआर, कॉरपोरेट रिलेशंस जैसे विभाग शामिल होंगे। यह पूरी कवायद सैमसंग के सियोल स्थति मुख्यालय के निर्देश में हो रहा है जिसका जोर भारत में रेवेन्यू की जगह मुनाफा बढ़ाने पर है।

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सैमसंग इंडिया में अप्रैल से ही भर्तियां बंद हैं. त्योहारी सीजन यानी दशहरा-दिवाली की बिक्री के बाद एक बार फिर से स्थिित की समीक्षा की जाएगी। साल 2017-18 में सैमसंग इंडिया में समस्या शुरू हुई, जब उनके शुद्ध मुनाफे में गिरावट देखी गई। भारत में शाओमी और वन प्लस जैसे चीनी ब्रांड की ज्यादा लोकप्रियता से सैमसंग की बिक्री को चुनौती मिल रही है। इसकी वजह से कंपनी को अपने फोन और टीवी की कीमतों में 25 से 40 फीसदी तक की कटौती करनी पड़ी है। भारतीय स्मार्टफोन बाजार में शाओमी की हिस्सेदारी 29 फीसदी, सैमसंग की 23 फीसदी और विवो की 12 फीसदी है।http://www.satyodaya.com

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आर्थिक सुस्ती के बीच मोटरसाइकिल बिक्री में 11 प्रतिशत की हुई वृद्धि

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नई दिल्ली। बीते हुए वर्ष 2019 में देश की अर्थव्यवस्था लगभग रेंगती रही, जीडीपी गिर कर 5 प्रतिशत के आस-पास हो गयी। इस दौरान तमाम औद्योगिक कारखानों पर मंदी का असर साफ दिखा। लेकिन इन सब के बीच साल 2019 में देश में मोटरसाइकिल की बिक्री में 11 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। आर्थिक सुस्ती के बाद भी 2019 में मोटरसाइकिल के निर्यात में भारत का रिकॉर्ड अच्छा रहा। ताजा आंकड़ों के मुताबिक साल 2019 में कुल 2,70.361 वाहनों की बिक्री हुई, जो कि एक गत वर्ष की समान अवधि के दौरान 2,43,402 इकाई थी। हालांकि इस दौरान घरेलू स्तर पर भारतीय मोटरसाइकिल की बिक्री में गिरावट दर्ज की गई है। दिसम्बर माह में घरेलू बाजार में मोटरसाइकिल बिक्री पिछले साल के 7,93,042 इकाई के मुकाबले 12 प्रतिशत गिरकर 6,97,819 हो गई।

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साल 2019 के जनवरी से दिसम्बर माह के दौरान मोटरसाइकिल के निर्यात में करीब सात प्रतिशत का इजाफा दर्ज किया गया। जनवरी -दिसम्बर 2018 के दौरान भारत से निर्यात होने वाली मोटरसाइकिल की संख्या 28,48,979 इकाई थी, जो साल 2019 में जनवरी से दिसम्बर के दौरान बढ़कर 30,68,124 इकाई हो गई। मोटरसाइकिल को छोड़कर दोपहिया वाहन सेगमेंट की स्कूटर- मोपेड और स्कूटी सेगमेंट के निर्यात में 2019 (जनवरी से दिसम्बर) में 4.21 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।http://www.satyodaya.com

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अमेरिका-ईरान के बीच तनाव से सहमा शेयर बाजार, सोना 42 हजार के पार

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लखनऊ। अमेरिका और ईरान के बीच बढ़े तनाव के चलते सोना (Gold) अब तक के अपने उच्चतम स्तर पर पहुंच गया है। शेयर बाजार में उथल-पुथल के चलते निवेशकों का रुझान सोने की तरफ बढ़ा है। सोमवार को दिल्ली सर्राफा बाजार में प्रति 10 सोने की कीमत में 720 रुपए की बढ़ोत्तरी दर्ज की गयी। जिसके बाद दिल्ली और लखनऊ सर्राफा बाजार में 10 ग्राम सोने की कीमत 42 हजार पर पहुंच गयी। सोने का यह भाव अब तक सबसे उच्चतम स्तर है। शुक्रवार रात अमेरिका द्वारा ईरान के ताकतवर सैन्य कमांडर कासिम सुलेमानी की हत्या के बाद से ही सोने के भाव में तेजी देखी जा रही है।

पिछले सप्ताहांत में शनिवार को भी सोने का प्रति 10 ग्राम भाव 41 हजार पर पहुंच गया था। सोने के साथ चांदी की कीमतों में भारी उछाल देखी जा रही है। सोमवार को प्रति किलो चांदी की कीमत में 1000 रुपए से ज्यादा की वृद्धि दर्ज की गयी। जिसके बाद अब दिल्ली व लखनऊ के सर्राफा बाजार में एक किलो चांदी की कीमत 49,430 रुपए हो गयी है। पिछले सत्र में चांदी 48,325 रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद हुई थी।

शेयर बाजार भी धड़ाम, निवेशकों को 3 लाख करोड़ का नुकसान

अमेरिका-ईरान के बीच बढ़ते तनाव के चलते दुनिया भर के शेयर बाजार भी सहमे हुए हैं। बाजार में भारी बिकवाली के चलते सोमवार को शेयर बाजार में भारी गिरावट दर्ज की गयी। सोमवार को सेंसेक्स 788 अंक टूटकर 40,676.63 पर और निफ्टी 234 अंक नीचे गिरकर 11,993 के स्तर पर बंद हुआ। शेयर बाजार में इस ऐतिहासिक गिरावट के चलते एक ही दिन में निवेशकों को 3 लाख करोड़ रुपए का नुकसान उठाना पड़ा। पश्चिम एशिया में बढ़ रहे तनाव के चलते निवेशक सुरक्षित निवेश को प्राथमिकता दे रहे हैं, जिसके चलते शेयर बाजार में भारी बिकवाली दिख रही है।

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45 हजार के पार भी जा सकता है सोने का भाव

जानकारों का कहना है कि बगदाद में ईरानी सैन्य कमांड की अमेरिकी एयर स्टाइक में हत्या के बाद ही पश्चिम एशिया में तनाव चरम पर पहुंच गया है। वैश्विक बाजार में छाई अनिश्चितता के चलते दुनिया भर के निवेशकों ने सेफ हैवन समझे जाने वाले सोने की तरफ किया है। जिसके चलते सोने में भारी बिकवाली दर्ज की जा रही है और सोना-चांदी का भाव आसमान छूने लगा है। जानकारों का कहना है कि अभी सर्राफा बाजार में और उछाल आएगी। कहा कि पश्चिम एशिया में तनाव और बढ़ा तो कोई ताज्जुब नहीं कि सोने का भाव 45 हजार के पार पहुंच जाए।

रुपए की कीमत में गिरावट जारी

अमेरिका और ईरान के बीच बढ़े तनाव का असर अंतरराष्ट्रीय बाजार में भारतीय रुपए पर भी दिख रहा है। सोमवार को रुपए में भारी गिरावट देखी गयी। डाॅलर के मुकाबले भारतीय रुपया सोमवार को कारोबार के दौरान 72.12 के स्तर को पार कर गया। रुपए में आज 31 पैसे तक की गिरावट दर्ज की गयी। हालांकि भारतीय रिजर्व बैंक के हस्तक्षेप के बाद थोड़ा सुधार आया और रुपए की कीमत प्रति डाॅलर 71.99 पर बंद हुई। रुपए में जारी इस गिरावट का असर सोने की कीमत पर भी पड़ रहा है।

लगातार पांचवें दिन पेट्रोल-डीजल के दामों में बढ़ोत्तरी

रुपए में गिरावट के पीछे क्रूड ऑयल में तेजी भी जिम्मेदार है। पश्चिम एशिया में तनाव के चलते अंतरराष्ट्रीय व घरेलू बाजार में कच्चे तेल की कीमत बढ़ गयी है। सोमवार को घरेलू बाजार में तेल की कीमत कच्चे तेल की कीमत में 3.53 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड की कीमत 70 डॉलर का स्तर पार कर गई। क्रूड ऑयल में तेजी का असर भारत में पेट्रोलियम कंपनियों पर भी दिख रहा है।

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भारत में लगातार पांचवें दिन पेट्रोल-डीजल की कीमतों में वृद्धि हुई। सोमवार को पेट्रोल की कीमतों में 15-16 पैसे और डीजल में 17-19 पैसे की बढ़ोतरी हुई है। सोमवार को पेट्रोल 15 पैसा प्रति लीटर और डीजल 17 पैसे प्रति लीटर तक महंगा हुआ है। पिछले पांच दिनों में पेट्रोल 55 पैसा और डीजल 72 पैसा प्रति लीटर तक महंगा हुआ है। जिसके बाद लखनऊ में अब पेट्रोल की कीमत 75.98 रुपए प्रति लीटर पहुंच गयी है। जबकि डीजल की कीमत 68.88 रुपए प्रति लीटर पर पहुंच गयी है। http://www.satyodaya.com

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एक बार फिर जियो नंबर-1, यूपी पूर्वी क्षेत्र में जोड़े सबसे ज्यादा उपभोक्ता

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लखनऊ। ट्राई की सितम्बर 2019 की नई रिपोर्ट के अनुसार उत्तर प्रदेश पूर्वी क्षेत्र में केवल जियो ने सितंबर माह में उपभोक्ता जोड़े हैं। जियो को छोड़कर बाकी सब टेलीकॉम कंपनियां जैसे एयरटेल, वोडा-आईडिया और बीएसएनएल ने उपभोक्ता खोये हैं। बता दें, विस्तृत नेटवर्क और किफायती प्लान्स की वजह से जियो ने सितंबर 2019 में 626417 ग्राहक जोड़े हैं।

इसके ठीक विपरीत टेलीकॉम क्षेत्र की दिग्गज कंपनी, एयरटेल ने इसी अवधि में सबसे ज्यादा ग्राहक खोये हैं। जहां एयरटेल ने 220621 उपभोक्ता खोये, वहीं दूसरी बड़ी कंपनी वोडा-आईडिया ने 206053 उपभोक्ता खोये हैं। सरकारी टेलीकॉम ऑपरेटर बीएसएनएल ने भी इसी अवधि में 12832 उपभोक्ता खोये हैं।

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ट्राई की इसी रिपोर्ट के अनुसार पूरे देश में केवल जियो ने सितम्बर 2019 में उपभोक्ता जोड़े हैं। इस रिपोर्ट के अनुसार जियो ने लगभग 69.83 लाख उपभोक्ता जोड़े हैं। इसी अवधी में वोडा-आईडिया ने 25.7 लाख और एयरटेल ने 23.8 लाख उपभोक्ता पूरे देश में खोये हैं।http://www.satyodaya.com

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